Showing posts with label Narendra. Show all posts
Showing posts with label Narendra. Show all posts

Saturday, May 5, 2018

PM Narendra Modi in Gadag says, 'After May 15 Congress will become PPP Congress | VIDEO : पीएम मोदी बोले

[ad_1]

गडग (कर्नाटक) : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को चुनावी रैली में कांग्रेस और जेडीएस पर तीखे हमले बोले. पहले तुमकुर में और बाद में गडग की चुनावी रैलियों में उन्‍होंने दोनों पार्टियों पर जमकर निशाना साधा. प्रधानमंत्री मोदी ने दावा किया कि कर्नाटक विधानसभा चुनावों को लेकर कांग्रेस और जेडी (एस) के बीच ‘गुप्त’ समझौता हुआ है और एचडी देवगौड़ा की पार्टी कांग्रेस का ‘बचाव’ कर रही है. मोदी ने यहां एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस वर्षों से सिर्फ वोट बटोरने के लिये गरीबी हटाने की बात करती रही है जबकि असल में उसने किसानों और गरीबों की अनदेखी की .


कांग्रेस को निशाने पर लेते हुए उन्‍होंने कहा, 15 मई के बाद कांग्रेस पार्टी, पीपीपी कांग्रेस बन जाएगी. पीएम मोदी ने पीपीपी का अर्थ बताते हुए कांग्रेस को पंजाब, पुडुचेरी और परिवार कांग्रेस से जोड़ा. इन चुनावी रैलि‍यों में प्रधानमंत्री ने जेडीएस पर भी तीखा हमला बोला.


कर्नाटक चुनाव में जीत के लिए पीएम मोदी के समर्थकों ने निकाला अनूठा तरीका


उन्होंने कहा, ‘चुनावी सर्वेक्षण, राजनीतिक पंडित... हर किसी का यही कहना है कि जेडी (एस) कांग्रेस को नहीं हरा सकती. वे सरकार नहीं बना सकते. अब कर्नाटक में कोई सरकार बदल सकता है तो वह भाजपा है.’’ उन्होंने कहा, ‘अगर कोई कांग्रेस का बचाव कर रही है तो वह जेडी (एस) है. कांग्रेस और जेडी (एस) के बीच गोपनीय समझौता हुआ है. पर्दे के पीछे से साझेदारी चल रही है.’ मोदी ने कुछ ही दिन पहले पूर्व प्रधानमंत्री एवं जेडी (एस) के वरिष्ठ नेता एचडी देवगौड़ा की प्रशंसा की थी, लेकिन उन पर निशाना साधा.



मोदी ने मांग की कि कांग्रेस यह साफ करे कि उसका जेडी (एस) के साथ कोई गुप्त समझौता हुआ है या नहीं. उन्होंने कहा कि देवगौड़ा की पार्टी के समर्थन से ही कांग्रेस बेंगलुरु में अपना महापौर बना पायी. मोदी ने कहा, ‘आखिर आप यह छिपा क्यों रहे हैं? कांग्रेस को इतनी हिम्मत होनी चाहिए कि वह जनता से सच बोले.’ हालांकि मोदी ने जोर देकर कहा कि वह देवगौड़ा का सम्मान करते हैं. वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव से पहले देवगौड़ा ने घोषणा की थी कि अगर वह (मोदी) प्रधानमंत्री बनते हैं तो वह (देवेगौड़ा) आत्महत्या कर लेंगे.


VIDEO : पीएम मोदी ने कर्नाटक चुनाव प्रचार में क्‍यों किया 'लाल मिर्च, हरी मिर्च और आलू' का जिक्र


प्रधानमंत्री ने कहा कि देवगौड़ा ने उनका विरोध किया था, बावजूद इसके जब वह लोकसभा चुनावों में चुनाव प्रचार के लिये कर्नाटक पहुंचे तब उन्होंने यही कहा था कि जेडी (एस) नेता 100 साल जियें और समाज की सेवा करें. मोदी ने बीते मंगलवार को उडुपी में एक जनसभा के दौरान देवगौड़ा की प्रशंसा की थी और पूर्व प्रधानमंत्री का ‘अनादर’ करने के लिये कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की आलोचना की थी. लेकिन दो दिन बाद ही बेंगलुरु में एक जनसभा में मोदी ने लोगों से कहा कि वे देवगौड़ा की पार्टी का समर्थन कर अपना वोट ‘बर्बाद’ नहीं करें क्योंकि चुनावों में यह पार्टी ‘बेहद खराब प्रदर्शन करते हुए तीसरे नंबर पर रहने वाली है.’


उन्होंने आरोप लगाया कि तुमकूर के पिछड़ेपन के लिये कांग्रेस जिम्मेदार है. उन्होंने कहा कि केंद्र एवं राज्य की पिछली कांग्रेस सरकारों की नीतियों के चलते किसानों को नुकसान झेलना पड़ा . मोदी ने कहा, ‘कर्नाटक के बेहतर भविष्य के लिये कांग्रेस को सबक सिखाना जरूरी है.’




[ad_2]

Source link

PM Narendra Modi Says, 'Those who think of taking out gold from potatoes are nowadays talking about farmers day in & day out

[ad_1]

तुमकुर (कर्नाटक) : कर्नाटक चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को राज्‍य के तुमकुर जिले में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए एक बार फिर से कांग्रेस पर तीखा हमला बोला. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कांग्रेस ने पिछले सात दशकों में किसानों की उपेक्षा की है. उन्‍होंने कहा कि कांग्रेस इंदिरा गांधी के समय से लेकर अब तक चुनाव जीतने के लिए गरीब लोगों को मूर्ख बनाती आ रही है. उन्‍हें न  तो किसानों की चिंता है और न ही गरीबों की. लोग अब कांग्रेस से थक गए हैं.


चुनावी रैली को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा, 'अब कांग्रेस वालो ने ऊपर से लेकर नीचे तक, लोकल हो देशी हो या विदेशी हो. इधर से हो उधर से हो. समझ हो या न हो. चने का पेड़ होता है या पौधा होता है. हरी मिर्च होती है या लाल मिर्च होती है. जिन्‍हें इतनी भी समझ नहीं है, जो लोग आलू में से सोना निकालते हैं, उन्‍होंने आज दिन रात किसान किसान चिल्‍लाना शुरू किया है.'


कर्नाटक में गरजे पीएम मोदी, सैनिकों को गुंडा कहने का पाप कांग्रेस ने किया है


प्रधानमंत्री ने रैली में कहा, कांग्रेस की नीतियों के कारण आज किसानों की दुर्दशा है, हम उनके पाप धोने की कोशिश कर रहे हैं. कांग्रेस बस गरीब गरीब चिल्‍लाती रहती है. उन्‍होंने लोगों का जीवन ऊपर उठाने के लिए कुछ नहीं किया. अब उन्‍होंने गरीब कहना बंद कर दिया है, क्‍योंकिे लोगों ने अब एक गरीब प‍रिवार से प्रधानमंत्री को चुना है.



जेडीएस कांग्रेस गठबंधन पर हमला
प्रधानमंत्री ने इस रैली में जेडीएस और कांग्रेस पर भी हमला बोला. उन्‍होंने कहा, कहा, वह इन चुनावों में तो लड़ रहे हैं, लेकिन बेंगलोर में मेयर के लिए एक साथ हो जाते हैं. हालांकि इससे पहले जेडीएस प्रमुख एचडी देवेगोड़ा पीएम मोदी की तारीफ कर चुके थे.


प्रधानमंत्री राज्‍य में कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, आज तक तुमकुर के लोगों को हेमवती नदी का पानी क्‍यों नहीं मिला. हमारी सरकार एरीगेशन प्रोजेक्‍ट पर काम कर रही है. इस प्रोजेक्‍ट पर प‍िछले 30 सालों से कोई काम नहीं हुआ है. कांग्रेस को कि‍सी की चि‍ंता नहीं है. वह सिर्फ अपने कालेधन को ठ‍िकाने लगाने में लगी है.




[ad_2]

Source link

Rahul Attack Attacks Narendra Modi On 5 Minute News And Updats

[ad_1]

नई दिल्ली. कर्नाटक विधानसभा चुनाव के मद्देनजर राहुल गांधी नरेंद्र मोदी पर हमला करना नहीं छोड़ रहे हैं। उन्होंने शनिवार को रेड्डी ब्रदर्स को टिकट देने पर सवाल उठाया। उन्होंने बाकायदा एक वीडियो जारी कर मोदी से करीब 3 सवाल पूछे। उन्होंने राज्य में बीजेपी के मुख्यमंत्री कैंडिडेट येदियुरप्पा को भी करप्शन के आरोपों पर घेरा। इससे पहले 1 मई को मोदी ने राहुल गांधी को बिना कागज देखे 15 मिनट भाषण देने और 5 बार विश्वेश्वरैया बोलने की चुनौती दी थी। इस नए हमले को राहुल का जवाब माना जा रहा है।

मोदीजी आप बोलते बहुत हैं, लेकिन करते नहीं है
- राहुल गांधी ने शनिवार को ट्वीट में लिखा- "प्रिय मोदीजी आप बोलते बहुत हैं, लेकिन समस्या ये है कि आपके काम आपके शब्दों से मेल नहीं खाते।"
- उन्होंने अपने ट्वीट के साथ एक वीडियो भी शेयर किया और लिखा कि इसे आप 'कर्नाटक का मोस्टवांटेड' सीरियल की तरह देख सकते हैं।

- यह वीडियो 1 मिनट 20 सेकंड है।

3 सवाल पूछे,आरोप भी लगाए

- क्या आप रेड्डी ब्रदर्स गैंग को 8 टिकट देने पर 5 मिनट बोलेंगे?
- ऐसे शख्स (येदियुरप्पा) को मुख्यमंत्री बनाएंगे जिस पर 23 केस दर्ज है?
- क्या आप टिकट दिए गए उन 11 नेताओं पर बोलेंगे जिन पर करप्शन के आरोप हैं?
- वीडियो में इन सभी नेताओं के आरोप और केस के बारे में जानकारी दी गई है।

क्या था 15 मिनट बोलने देने का मामला

- राहुल गांधी ने अमेठी दौरे और दिल्ली में संविधान बचाओ रैली में कहा था- "हमें संसद में बोलने नहीं दिया जाता है, अगर मैं 15 मिनट संसद में भाषण दूं तो प्रधानमंत्री हमारे सामने खड़े नहीं हो पाएंगे।"

- मोदी ने 1 मई को चामराजनगर में रैली में जवाब दिया। उन्होंने कहा- "लोकतंत्र में हम नेता और नागरिकों की बातों को गंभीरता से लिया जाता है। कांग्रेस अध्यक्ष ने हाल ही में मुझे एक चुनौती। उन्होंने कहा कि अगर मैं संसद में 15 मिनट भी बोलूंगा तो मोदी जी बैठ नहीं पाएंगे। वे 15 मिनट बोलेंगे, ये भी एक बड़ी बात है और मैं बैठ नहीं पाऊंगा। कांग्रेस अध्यक्ष जी आप नामदार हैं और हम कामदार हैं। हम तो अच्छे कपड़े भी नहीं पहन सकते, आपके सामने कैसे बैठेंगे। हम लोगों ने नामदारों के जुल्म झेले हैं और आज इस ताकत को बढ़ाते चले जा रहे हैं।"

- ''मोदी जी को छोड़ो। मैं आपसे कहता हूं कि आप कर्नाटक के चुनाव प्रचार में 15 मिनट बगैर कागज हाथ में लिए हिंदी, अंग्रेजी या अपनी मां की मातृभाषा में बोल के दिखा दीजिए।"
- "एक बात और इस 15 मिनट के भाषण में 5 बार श्रीमान विश्वेश्वरैया का नाम ले लेना। कर्नाटक की जनता तय कर लेगी, उन्हें क्या करना है।''
- बता दें कि पिछले दिनों राहुल गांधी एक रैली में कर्नाटक की महान हस्ती मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया का नाम ठीक से नहीं ले पाए थे। बाद में यह वीडियो काफी वायरल हुआ था।



[ad_2]

Source link

Narendra Modi Rallies Karnataka Assebly Election Bjp Congress News And Updates

[ad_1]

बेंगलुरु.नरेंद्र मोदी शनिवार को कर्नाटक के टुमकुर में कहा कि कांग्रेस कई सालों तक गरीब-गरीब चिल्लाती रही। लेकिन जब देश ने एक गरीब परिवार के व्यक्ति को प्रधानमंत्री चुन लिया तो उसने ये कहना बंद कर लिया। मोदी आज कर्नाटक में गड़ाग, शिमोगा और मैंगलुरु में भी सभाएं करेंगे। विधानसभा चुनाव के लिए 12 मई को मतदान होगा, 15 को नतीजे आएंगे।

वो तो आलू से सोना पैदा करने के बारे में सोचते हैं

- मोदी ने राहुल गांधी का नाम लिए बगैर कहा, "अब कांग्रेस वालों ने ऊपर से नीचे तक, लोकल हो, देशी हो या विदेशी हो, इधर से हो या उधर से हो, समझ हो या न हो, चना का पेड़ होता है या पौधा होता है, लाल मिर्च होती है या हरी, इसका भी जिनको ज्ञान नहीं है। जो आलू से सोना पैदा करने के बारे में सोचते हैं। वो अब दिन-रात किसान-किसान बोल रहे हैं।"
- "इंदिरा गांधी के समय से लेकर कांग्रेस चुनाव जीतने के लिए गरीबों को मूर्ख बना रही है। कांग्रेस एक झूठ बोलने वाली पार्टी है। वे एक बार फिर चुनाव जीतने के लिए झूठ का सहारा ले रहे हैं। न तो उन्हें किसानों की चिंता है और न ही गरीबों की। लोग अब कांग्रेस से थक चुके हैं।"
- "कर्नाटक के लोगों को कांग्रेस और जेडीएस के अनकहे गठबंधन को समझना चाहिए। वे लड़ते दिख तो रहे हैं लेकिन बेंगलुरु में जेडीएस, कांग्रेस के एक मेयर को समर्थन कर रही है।"

टुमकुरु महान लोगों की भूमि
- मोदी ने कहा, "टुमकुरु महान लोगों की धरती है। प्रधानमंत्री बनने के बाद मैं यहां आया था और सिद्धगंगा मठ के स्वामी शिवकुमार का आशीर्वाद लिया था।"

- "टुमकुरु के लोगों को हेमावती नदी का पानी क्यों नहीं मिल पा रहा? सिंचाई के क्षेत्र में बीते 30 साल से कोई काम नहीं हुआ। कांग्रेस की रुचि तो केवल कालाधन भरने में है। "



[ad_2]

Source link

Friday, May 4, 2018

After Narendra Modi And Amit Shah Top Choice Of Karnataka Is Yogi Adityanath - मोदी और शाह के बाद कर्नाटक की टॉप च्वाइस योगी आदित्यनाथ

[ad_1]


ख़बर सुनें



प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के बाद यदि भाजपा में प्रचार के लिए किसी की सबसे अधिक मांग है तो वह उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हैं। योगी आदित्यनाथ भाजपा के लगातार स्टार प्रचारक बने हुए हैं और राज्य का मुख्यमंत्री बनने के बाद से प्रचार के लिए उनकी मांग बराबर बनी है। तटीय कर्नाटक में भी आदित्यनाथ की काफी मांग है। वह हुबली, उडुपी समेत दक्षिण कन्नड. तथा उत्तरी कन्नड़ में राजनीति का समीकरण बदल सकते हैं।

भाजपा के कर्नाटक चुनाव प्रचार में व्यस्त केन्द्रीय मंत्री का कहना है कि राज्य में वह न केवल जनसभा को संबोधित करेंगे, बल्कि रोड शो समेत अन्य प्रचार में भी शामिल होंगे। माना यह जा रहा है कि योगी चुनाव प्रचार के आखिरी दिन 10 मई तक राज्य में पार्टी के पक्ष में राजनीतिक समीकरण बनाने के लिए दर्जन भर से अधिक जन सभाओं को संबोधित कर सकते हैं।

कहां-कहां योगी ने किया प्रचार

मुख्यमंत्री बनने के बाद योगी ने गुजरात, हिमाचल और त्रिपुरा में भाजपा के पक्ष में प्रचार में हिस्सा लिया। गुजरात में योगी ने काफी दौरा किया था। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के बाद योगी आदित्यनाथ ही स्टार प्रचारक थे। त्रिपुरा में भाजपा को फहराने में उनकी काफी बड़ी भूमिका मानी जा रही है। इसी तरह से कर्नाटक विधानसभा चुनाव में भाजपा ने उन्हें स्टार प्रचारक के रूप में मैदान में उतारा है। माना जा रहा है कि कर्नाटक में योगी के प्रचार के बाद भाजपा वोटों के ध्रुवीकरण के एजेंडे को नया आकार देने में सफल हो सकती है। इससे कांग्रेस की उम्मीदों को कुछ झटका लगने की भी उम्मीद है।

क्यों है योगी की मांग

योगी आदित्यनाथ नाथ संप्रदाय से हैं। भगवाधारी हैं और हिन्दुत्व के प्रतीक के रूप में उन्हें भाजपा में देखा जा रहा है। कर्नाटक में तटीय कर्नाटक का क्षेत्र काफी संवेदनशील है। अल्पसंख्य भी बड़ी मात्रा में हैं। कर्नाटक का यही वह क्षेत्र है, जहां पिछले दो-तीन सालों में दो दर्जन के करीब भाजपा के कार्यकर्ताओं की हत्या हुई है और उन पर जानलेवा हमले हुए हैं। हुबली में ही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कांग्रेस पर ईज ऑफ डूइंग मर्डर का आरोप लगाया था। माना जा रहा है कि यहां से राजनीति का सांप्रदायिक रंग वोटों के ध्रुवीकरण में सहायक हो सकता है। ऐसा हुआ तो पूरे कर्नाटक में चुनाव का गणित अपना असर दिखा सकता है। वैसे भी इस इलाके में लिंगायतों का ठीक-ठाक प्रभाव भी है।  दक्षिणी कन्नड़ तो भाजपा के गढ़ के रूप में गिना जाता है। वैसे भी कर्नाटक हर मठ-मंदिरों का राज्य है। योगी आदित्यनाथ इसके लिए काफी उपयुक्त समझे जा रहे हैं।



प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के बाद यदि भाजपा में प्रचार के लिए किसी की सबसे अधिक मांग है तो वह उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हैं। योगी आदित्यनाथ भाजपा के लगातार स्टार प्रचारक बने हुए हैं और राज्य का मुख्यमंत्री बनने के बाद से प्रचार के लिए उनकी मांग बराबर बनी है। तटीय कर्नाटक में भी आदित्यनाथ की काफी मांग है। वह हुबली, उडुपी समेत दक्षिण कन्नड. तथा उत्तरी कन्नड़ में राजनीति का समीकरण बदल सकते हैं।


भाजपा के कर्नाटक चुनाव प्रचार में व्यस्त केन्द्रीय मंत्री का कहना है कि राज्य में वह न केवल जनसभा को संबोधित करेंगे, बल्कि रोड शो समेत अन्य प्रचार में भी शामिल होंगे। माना यह जा रहा है कि योगी चुनाव प्रचार के आखिरी दिन 10 मई तक राज्य में पार्टी के पक्ष में राजनीतिक समीकरण बनाने के लिए दर्जन भर से अधिक जन सभाओं को संबोधित कर सकते हैं।

कहां-कहां योगी ने किया प्रचार

मुख्यमंत्री बनने के बाद योगी ने गुजरात, हिमाचल और त्रिपुरा में भाजपा के पक्ष में प्रचार में हिस्सा लिया। गुजरात में योगी ने काफी दौरा किया था। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के बाद योगी आदित्यनाथ ही स्टार प्रचारक थे। त्रिपुरा में भाजपा को फहराने में उनकी काफी बड़ी भूमिका मानी जा रही है। इसी तरह से कर्नाटक विधानसभा चुनाव में भाजपा ने उन्हें स्टार प्रचारक के रूप में मैदान में उतारा है। माना जा रहा है कि कर्नाटक में योगी के प्रचार के बाद भाजपा वोटों के ध्रुवीकरण के एजेंडे को नया आकार देने में सफल हो सकती है। इससे कांग्रेस की उम्मीदों को कुछ झटका लगने की भी उम्मीद है।

क्यों है योगी की मांग

योगी आदित्यनाथ नाथ संप्रदाय से हैं। भगवाधारी हैं और हिन्दुत्व के प्रतीक के रूप में उन्हें भाजपा में देखा जा रहा है। कर्नाटक में तटीय कर्नाटक का क्षेत्र काफी संवेदनशील है। अल्पसंख्य भी बड़ी मात्रा में हैं। कर्नाटक का यही वह क्षेत्र है, जहां पिछले दो-तीन सालों में दो दर्जन के करीब भाजपा के कार्यकर्ताओं की हत्या हुई है और उन पर जानलेवा हमले हुए हैं। हुबली में ही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कांग्रेस पर ईज ऑफ डूइंग मर्डर का आरोप लगाया था। माना जा रहा है कि यहां से राजनीति का सांप्रदायिक रंग वोटों के ध्रुवीकरण में सहायक हो सकता है। ऐसा हुआ तो पूरे कर्नाटक में चुनाव का गणित अपना असर दिखा सकता है। वैसे भी इस इलाके में लिंगायतों का ठीक-ठाक प्रभाव भी है।  दक्षिणी कन्नड़ तो भाजपा के गढ़ के रूप में गिना जाता है। वैसे भी कर्नाटक हर मठ-मंदिरों का राज्य है। योगी आदित्यनाथ इसके लिए काफी उपयुक्त समझे जा रहे हैं।





[ad_2]

Source link

Wednesday, May 2, 2018

Narendra Modi Rallies In Karnataka Assembly Election

[ad_1]

बेंगलुरू.कर्नाटक में मोदी गुरुवार को कलबुर्गी, बेल्लारी और बेंगलुरु में 3 रैलियां करेंगे। इस दौरान मोदी 47 सीटों को कवर करेंगे। उधर, स्थानीय नेताओं की मांग पर प्रधानमंत्री की रैलियों की संख्या बढ़ा दी है। पहले शेडयूल में उन्हें 15 जगह जनसभाओं को संबोधित करना था। अब 6 और रैलियां करेंगे। यानी मोदी अब कुल 21 रैलियां करेंगे। हालांकि, अभी भाजपा ने यह नहीं बताया है कि ये रैलियां कहां और कब होंगी। इन नेताओं का कहना है कि मोदी की 1 मई को हुई 3 रैलियों से माहौल बदला है। बता दें कि राज्य में 224 सीटों पर 12 मई को वोटिंग होगी और 16 मई को नतीजे आएंगे।

21 सभाओं में 215 सीटों को कवर करेंगे
- कर्नाटक में मोदी की पहले 15 रैलियां प्रस्तावित थीं। अब 6 और रैलियों में बदलाव किया गया है। मोदी के चुनाव प्रचार का अगला चरण 5 मई को शुरू होगा। इसमें मोदी टुमकुर, शिवमोगा (शिमोगा) और गड़ाग में सभाएं करेंगे। यहां वे 49 सीटों को कवर करेंगे।

- मोदी 7 मई को रायचूर, चित्रदुर्ग, कोलार और 8 मई को विजयवाड़ा और मैंगलुरु में रैली करेंगे। इन दो दिनों में वे 65 सीटों को कवर करेंगे।

- मोदी ने अपने चुनाव अभियान की शुरुआत 1 मई को थी। मोदी ने पहली सभा में चामाराजनगर, मैसूर और मांड्या की 22 सीटों को कवर किया था। इस तरह मोदी 21 सभाओं के जरिए 215 सीटों को कवर करेंगे।

मोदी ने साधा था राहुल गांधी के 15 मिनट की चुनौती पर निशाना
- नरेंद्र मोदी ने पहले चरण के चुनावी अभियान में कांग्रेस सीएम सिद्धारमैया और राहुल गांधी पर निशाना साधा था। उन्होंने कहा था- राहुल सिद्धारमैया सरकार की उपलब्धियों पर किभी भी भाषा में बिना पढ़े 15 मिनट बोलकर दिखाएं।

- मोदी के इस बयान के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच बयानबाजी तेज हो गई। जवाब में सिद्धारमैया ने कहा था- "येदियुरप्पा की पूर्व सरकार की उपलब्धियों पर प्रधानमंत्री कागज से पढ़कर ही 15 मिनट बोल दें।"

मोदी ने किसानों से भी किया संवाद
- मोदी ने बुधवार को पार्टी की किसान इकाई के कार्यकर्ताओं से भी ऐप के जरिए बात की। कर्नाटक में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की शिकायतों पर मोदी ने कर्नाटक सरकार को उदासीन बताया।



[ad_2]

Source link